सुकमा-छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा प्रस्तुत वर्ष 2026-27 के बजट पर प्रतिक्रिया व्यzक्त करते हुए छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग की सदस्य अधिवक्ता दीपिका शोरी ने इसे प्रदेश के उज्ज्वल भविष्य की दिशा में एक दूरदर्शी और संतुलित बजट बताया है। उन्होंने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय तथा वित्त मंत्री ओपी चौधरी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह बजट समावेशी विकास की भावना से तैयार किया गया है, जिसमें प्रदेश के हर वर्ग का ध्यान रखा गया है।
दीपिका शोरी ने कहा कि “ज्ञान” और “गति” के बाद इस वर्ष “संकल्प” थीम पर आधारित बजट प्रदेश की प्रगति के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। S – समावेशी विकास, A – अधोसंरचना, N – निवेश, K – कुशल मानव संसाधन, A – अन्त्योदय, L – आजीविका तथा P – पॉलिसी से परिणाम तक की अवधारणा प्रदेश को नई दिशा देने वाली है।
उन्होंने विशेष रूप से बस्तर और सरगुजा अंचल के लिए किए गए प्रावधानों का स्वागत किया। बजट में बस्तर क्षेत्र के लिए 100 करोड़ रुपये का निवेश प्रावधान, बस्तर-सरगुजा बस सेवा के लिए 10 करोड़ रुपये, बस्तर विकास प्राधिकरण हेतु 75 करोड़ रुपये तथा मेडिकल कॉलेज के लिए 50 करोड़ रुपये का प्रावधान क्षेत्रीय विकास को नई गति देगा। अबूझमाड़-जगरगुंडा में दो एजुकेशन सिटी की घोषणा को उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में ऐतिहासिक कदम बताया।
इसी प्रकार इंद्रावती में मटनार और देउरगांव में बैराज निर्माण हेतु 68 करोड़ रुपये की स्वीकृति तथा महतारी वंदन योजना के लिए 8200 करोड़ रुपये का प्रावधान महिलाओं के सशक्तिकरण और किसानों की समृद्धि की दिशा में महत्वपूर्ण है।
दीपिका शोरी ने रानी दुर्गावती योजना की घोषणा का विशेष स्वागत करते हुए कहा कि बीपीएल परिवार में जन्म लेने वाली बेटियों को 18 वर्ष की आयु पूर्ण होने पर डेढ़ लाख रुपये की सहायता प्रदान करना महिला सशक्तिकरण और बेटियों के उज्ज्वल भविष्य की दिशा में सराहनीय पहल है।
उन्होंने कहा कि यह बजट केवल आंकड़ों का दस्तावेज नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ के विकास का रोडमैप है। प्रदेश के ग्रामीण, आदिवासी, किसान, महिला, युवा और श्रमिक वर्ग को केंद्र में रखकर तैयार किया गया यह बजट निश्चित रूप से आत्मनिर्भर और समृद्ध छत्तीसगढ़ के निर्माण में मील का पत्थर साबित होगा।
अंत में उन्होंने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय एवं वित्त मंत्री ओपी चौधरी को प्रदेश की जनता की ओर से धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि यह बजट “सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास” की भावना को साकार करने वाला है।

